
रामपुर। चौखड़ी स्टेशन के पास मंगलवार को एक विवाहिता ने अपने दो मासूम बच्चों के साथ आत्महत्या कर ली। घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्र में सनसनी फैल गई। महिला की पहचान भद्रया (हाथी) गांव निवासी अंगद पटेल की 30 वर्षीय बेटी मीनू के रूप में हुई है। वह करीब सात वर्ष पहले हरसोस गांव के विकास पटेल के साथ विवाह के बाद से ससुराल में रह रही थी।
मीनू के दो बेटे थे, जिनकी उम्र चार और छह वर्ष बताई गई है। परिजनों का आरोप है कि मीनू को लंबे समय से ससुराल पक्ष की ओर से प्रताड़ित किया जा रहा था। महिला के भाई कमलेश ने पुलिस को बताया कि विकास उसकी बहन के चरित्र पर संदेह करता था और इस बात को लेकर उसे अक्सर परेशान किया जाता था। आरोप है कि मीनू और उसके बच्चों के भरण-पोषण में भी पति की ओर से सहयोग नहीं किया जाता था।
मारपीट के बाद घर से निकाला
परिजनों के अनुसार, मंगलवार सुबह सास, ससुर और जेठानी ने मीनू के साथ मारपीट की और उसे घर से बाहर निकाल दिया। परेशान होकर मीनू ने थाने में शिकायत की। पुलिस ने कार्रवाई का आश्वासन देकर उसे घर भेज दिया, लेकिन आरोप है कि ससुराल पहुंचने पर उसे कमरे में बंद कर दिया गया।
बाद में मीनू ने अपने पति विकास को घटना की जानकारी दी, लेकिन आरोप है कि उसने भी मदद करने से इनकार कर दिया। इसके बाद मीनू ने अपने दोनों बच्चों के साथ यह कठोर कदम उठा लिया।
चार लोगों पर मामला दर्ज, सास-ससुर गिरफ्तार
मीनू के भाई कमलेश की तहरीर पर जंसा थाने में सास सुदामा देवी, ससुर लोदी पटेल, जेठानी रेशमा और पति विकास के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने सास-ससुर और जेठानी को हिरासत में ले लिया है। थाना अध्यक्ष दुर्गा सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और उन्हें न्यायालय में पेश किया जाएगा।
ग्रामीणों का कहना है कि मीनू लंबे समय से ससुराल पक्ष की कथित प्रताड़ना से परेशान थी और घटना से पहले शिकायत लेकर महिला हेल्पडेस्क भी पहुंची थी। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
